
रुद्रसेना देवभूमि फाऊंडेशन उत्तराखंड जौनसार बाबर क्षेत्र से राकेश उत्तराखंडी जी का कहना है, कि हमारी सरकार से मुख्य मांग यह है कि 1967 में जौनसारी जनजाति को एसटी का दर्जा मिला था और जौनसार भाबर क्षेत्र में 1967 के बाद जो लोग बाहर से आए उनके नाम 1983 में 700 बीघा जमीन कर दी,साथ ही एसटी के प्रमाण पत्र थमा दिए गए अनुसूचित जनजाति का हनन कर रहे हैं आज उनकी जनसंख्या 700 से अधिक हो गई है उनको राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है आज उनको भारत सरकार की तरफ से सभी योजनाओं का लाभ मिल रहा है हम यह चाहते हैं 1967 के बाद कितनी जमीन बाहरी लोगों के नाम लगी हमारी पुस्तैनी जमीन को बाहर से आए हुए गैर जौनसारी के नाम लगा दिया गया अगर हम इसके खिलाफ आवाज उठाते हैं तो हमारे खिलाफ मुकदमे के दर्ज किए जाते हैं साथ ही कहा जौनसार भाबर क्षेत्र में बहुत ही अवैध कार्य किये जा रहे है सारे प्रकरण की जांच उच्च स्तर से कराई जाए और यह जमीन जौनसारी भाबर जनजाति क्षेत्र को दी जाए।
रिपोर्टर :लक्ष्मण प्रकाश
कैमरामैन :चन्दन कुमार