
थानाध्यक्ष को SSP के आदेश पर अपने ही थाने में अपने ही खिलाफ लिखना पड़ा मुकदमा
SSP के आदेश पर SO के खिलाफ प्रारंभिक जांच भी शुरू
सेवानिवृत CO ने अपनी दी तहरीर में कहा कि आज दिनांक 10.04.2026 को मैं श्री लोकेश कुमार चीफ सिक्योरिटी आफिसर इन्डस कम्पनी मो0-97606XXXXX, श्री सूरज सिंह Z.M. R.C.P.G. सिक्योरिटी कम्पनी फोन नम्बर 80579XXXXX व श्री रिफाकत हुसैन सिक्योरिटी सुपरवाईजर के साथ थाना फतेहपुर समय करीब सवा दो बजे दोपहर घटना की रिपोर्ट दर्ज कराने गया तो थानाध्यक्ष श्री विनय कुमार शर्मा अपने कार्यालय में बैठकर जनता के किसी व्यक्ति से बात कर रहे थे। मैनें थानाध्यक्ष कार्यालय का गेट खोलकर थानाध्यक्ष से अनुमति ली । अन्दर कार्यालय में जाकर थानाध्यक्ष महोदय को लिखित तहरीर देकर प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करने का अनुरोध किया तो श्री विनय कुमार शर्मा थानाध्यक्ष ने पूछा कि टावर पर रखवाली कौन कर रहा था। सिक्योरिटी सुपरवाईजर ने बताया कि टैक्नीशियन के साथ मिलकर मैं टावर की सुरक्षा देखता हूँ। थानाध्यक्ष ने श्री रिफाकत हुसैन को हड़काते हुए कहा कि मैं 20 दिन बाद चोरी की रिपोर्ट दर्ज नहीं करूंगा। मैनें थानाध्यक्ष महोदय को तथ्यों से अवगत कराते हुए समझाया और एफआईआर दर्ज कराने का अनुरोध किया तो श्री विनय कुमार शर्मा थानाध्यक्ष ने मुझे ऊंची आज में धमकाते हुए कहा कि तूने रिटायर सीओ बताकर मेरे कार्यालय में प्रवेश क्यों किया। मुझसे तू बताता कि मैं सिक्योरिटी कम्पनी में नौकरी करता हूँ तो तुझे अपने कार्यालय में घुसने ही नहीं देता थानाध्यक्ष ने श्री रिफाकत हुसैन, श्री लोकेश कुमार व श्री सूरज सिंह को बाहर निकल जाने को कहा। इसके उपररन्त श्री विनय कुमार शर्मा थानाध्यक्ष ने अपनी कुर्सी से उठकर मुझे कलर से पकड़ा और धक्का देकर कहा कि तू यहीं बैठा रहेगा। मैं कुर्सी के पास जमीन पर गिर गया तो थानाध्यक्ष मुझे गालियां बकते हुए धक्का देते हुए बाहर लाया और थाने के गेट तक मुझे धक्के मारकर थाने से बाहर करते हुए कहा कि भाग जा वरना बहुत मारूंगा और चोरी की रिपोर्ट भी नहीं लिखवाऊंगा। थानाध्यक्ष ने चोरी की रिपोर्ट दर्ज नहीं करायी। श्री विनय कुमार शर्मा का व्यवहार बहुत ही बदतमीजी का व बहुत ही घटिया स्तर का रहा जो थानाध्यक्ष से कभी भी अपेक्षा नहीं की जा सकती है। थानाध्यक्ष ने पुलिस विभाग व प्रदेश सरकार की छवि को धूमिल किया है। थाना गेट पर काफी पुलिसवाले व जनता के व्यक्ति आ गये थे। अतः निवेदन है कि ऐसे व्यक्ति के विरुद्ध जांच कराकर दण्डित कराने व घटना की प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करने




