
एक दिन पूर्व ही धन सिंह रावत से स्वास्थ्य मंत्रालय हटाकर सुबोध उनियाल को साैंपा गया है। इसके अगले ही दिन सुबोध उनियाल एक्शन में दिखे।
स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी मिलने के अगले ही दिन फिल्मी अंदाज में मंत्री सुबोध उनियाल चुपचाप दून अस्पताल पहुंच गए। मरीजों की समस्या जानने के लिए वो कतार में खड़े हो गए। तभी सुरक्षाकर्मियों की नजर उन पर पड़ी। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन को इसकी जानकारी दी। इसके बाद अधिकारियों में खलबली मच गई। प्राचार्य डॉ. गीता जैन अपनी ओपीडी छोड़कर आनन-फानन माैके पर पहुंचीं। अधिकारियों से वार्ता के दाैरान फायर एनओसी ने मिलने पर मंत्री ने नाराजगी जताई। साथ ही आईजी फायर सर्विस को फोन कर जल्द से जल्द एनओसी की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए।
एक दिन पूर्व ही धन सिंह रावत से स्वास्थ्य मंत्रालय हटाकर सुबोध उनियाल को साैंपा गया है। इसके अगले ही दिन सुबोध उनियाल एक्शन में दिखे। दोपहर करीब डेढ़ बजे वो बिना प्रोटोकाल दून अस्पताल की व्यवस्था देखने पहुंच गए। उन्होंने अधिकारियों को भी इसकी भनक नहीं लगने दी। सामान्य तरीके से टीकाकरण केंद्र और लैब रिपोर्टिंग सेंटर में जाकर मरीजों के साथ खड़े हो गए। इससे पहले कि स्वास्थ्य मंत्री समस्याओं को समझ पाते सुरक्षाकर्मियों ने वॉकीटॉकी से सभी तलों पर इसकी सूचना प्रसारित कर दी।




